Home मध्य प्रदेश सद्बुद्धि यज्ञ कर कृषि विस्तार अधिकारियों ने फूंका विरोध का बिगुल, eHRMS...

सद्बुद्धि यज्ञ कर कृषि विस्तार अधिकारियों ने फूंका विरोध का बिगुल, eHRMS के खिलाफ अनोखा प्रदर्शन

3
0
Jeevan Ayurveda

सद्बुद्धि यज्ञ कर कृषि विस्तार अधिकारियों ने फूंका विरोध का बिगुल, eHRMS के खिलाफ अनोखा प्रदर्शन

मुरैना
 eHRMS प्रणाली के विरोध और महिला कर्मचारियों की सुरक्षा समेत लंबित मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे कृषि विस्तार अधिकारियों ने बुधवार को अनोखे अंदाज में शासन-प्रशासन के खिलाफ विरोध जताया। आंदोलन स्थल पर अधिकारियों ने सद्बुद्धि यज्ञ किया और हवन कुंड में आहुतियां देकर शासन और विभागीय वरिष्ठ अधिकारियों को सद्बुद्धि देने की प्रार्थना की।
17 से 20 अगस्त तक चल रहे कलम बंद कार्य बहिष्कार के चौथे दिन कृषि विस्तार अधिकारी बड़ी संख्या में आंदोलन स्थल पर जुटे। अधिकारियों ने कहा कि eHRMS की ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था मैदानी कर्मचारियों के लिए व्यावहारिक परेशानी पैदा कर रही है। खासकर महिला कर्मचारियों को फील्ड में काम करने के दौरान सुरक्षा और अन्य मूलभूत समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

Ad

बाक्स 
– हवन कुंड में आहुतियां, बोले-व्यवस्था में संवेदनशीलता जरूरी

संघ के जिलाध्यक्ष डॉ. जयदीप सिंह ने कहा कि सद्बुद्धि यज्ञ किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि शासन-प्रशासन का ध्यान कर्मचारियों की वास्तविक समस्याओं की ओर खींचने का शांतिपूर्ण तरीका है। उन्होंने कहा कि मैदानी कर्मचारियों की परिस्थितियों को समझे बिना ऑनलाइन उपस्थिति जैसी व्यवस्था लागू करना उनके लिए परेशानी का कारण बन रहा है।

बाक्स 
– चार दिन से कामकाज प्रभावित

कलम बंद कार्य बहिष्कार के कारण कृषि विभाग से जुड़े मैदानी कार्य प्रभावित होने का दावा संघ ने किया है। कृषि परामर्श, योजनाओं के क्रियान्वयन और मैदानी सर्वेक्षण जैसे कार्यों पर भी इसका असर पड़ रहा है। अधिकारियों का कहना है कि उनकी मांगों का जल्द निराकरण नहीं हुआ तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।

बाक्स 
– मांगें पूरी नहीं हुईं तो बढ़ेगा आंदोलन

कृषि विस्तार अधिकारियों ने eHRMS व्यवस्था को हटाने अथवा उसमें व्यावहारिक सुधार करने, महिला कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और लंबित मांगों का निराकरण करने की मांग दोहराई है। संघ ने चेतावनी दी है कि यदि शासन-प्रशासन ने जल्द ठोस कदम नहीं उठाए तो आने वाले दिनों में आंदोलन का स्वरूप और अधिक बड़ा हो सकता है।

Jeevan Ayurveda Clinic

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here